0:00 गुरु परी साध संगत जी वाहेगुरु जी का खालसा वाहेगुरु जी की फतेह [संगीत] सब्जी वाले की लाख दे शिवा पुराण विष्णु
0:46 पुराण [संगीत]
1:37 पौधे करण शिवाजी दी हो तो पति हुई है प्रकाश उत्पत्ति [संगीत]
2:29 शक्तिशाली खड़ा हो गया एक पैसे विष्णु भगवान के दिखाओ ब्रह्मा जी जेड या पंछी बन गए उन्होंने पंछी बनकर जाना कित तो उदा ऊपर लहसील नहीं लैब हो या खंबा सी मनाया जंदा के महादेव जी ही शाना नहीं है भाई दिखती है
3:17 [संगीत] ब्रह्मा जी विष्णु भगवान जी महादेव जी प्रगति होंगे [संगीत]
4:04 गुरु गोविंद सिंह जी महाराज ने 11 में अवतार मैन [संगीत]
4:50 तेजडन दोनों गैलन कर दिया विष्णु भगवान जी ब्रह्मा जी आगे प्रगत होगी इनकार कर देता शिवा जी [संगीत] के विष्णु भगवान की कविता [संगीत]
6:15 शिवाजी भगवान जी दजीरा नाम है और रुद्रा ग गए उन्होंने नाम नहीं पसंद आया दूजा नाम रखे तिर्जा एम ए करके 188 नाम रखें रुद्रा पीएम पशुपति और भी बड़े नाम रखें इसी के ब्रह्मा जी ने कदे बड़ी बड़ी करके नदी गिनती 108 मनी जांदी है अब क्या थी जो ऊपर लिखे गए मां हिंदू वीरान दे बड़े ग्रंथ था उदय मित्रों श्री माता देवी महापुराण ग्रंथ भी है [संगीत] की भगवान न जी ने अपने पिता ब्रह्मा जी तो कुछ है जी माताजी
7:01 [संगीत]
8:26 ओम निदा है हिंदू वीरदांजीरा मूल मंत्र जिन्हें अपना वाहेगुरु गुरु मंत्र है जाप होम में कोई एमेदी हिंदू विरहण अपना मंत्रमुकर बिंदु नाथ एकदम मिला के मिश्रण होके बांदा है अब के यहां जंदा के शिवाजी भगवान जी शिक्षा जावे तो अपने गुरु आप इसी के उन्होंने अज्ञेय शिक्षा देती है 7 तारीख हिंदी दिवस की हर झंडा शिवा जी भगवान ने इस तरह भाव की अपने शरीर जो ऊपर नंबर
9:23 के टेन नंबर [संगीत] गुरु नाम है पर फिर भी तेरे बहुत नाम पाकिस्तान प्रेम में चंद के जडेजा नाम ले ए रब ने वो ही नाम अपने अपने रख ले बलहरी जाऊं जीते तेरे नाम तेरे नाम ब्रह्मा जी ने शिवाजी भगवान
10:15 q3 भी खाने अप अंग्रेजी द्विवेचा क्योंकि त्रिशूल देखोगे कई लोगों के भी मंदिर में जो 10 बार पर कर्म कर दिया प्रसाद [संगीत]
11:04 श्री वाहेगुरु जी की फतेह क्योंकि जरा जी न्यू मंडन ग गया युरीले वही परमात्मा हो गया पर जागते जीवन सिंह जी केंड पद गई दुख दे नल बड़ी दुखी होगी व्याकुल हो गई जो कटनी की तीजा सॉन्ग
11:51 देवी अवतार के खीर समुद्र देव स्वामी जी अनुसार दुखों रो रो के सुनाया कल जी ने जो तारती दे दो कानी सुनैना [संगीत] ने विष्णु भगवान करना पड़ेगा
12:38 [संगीत] जागते जीवाणु नस करके सर कुछ ठीक कर देता कहे हो शिवा जसक युद्ध किया सुख संतान को यह पद दिए गुरु साहब जी के ओ कथा जी तरह शांतनु सुख देते दस्तनु दलिया है फिर दसंगे जसरानगरजा पाव पार्वती पार्वती माता जी दिनांक जो भी विवाह हो या
13:24 सी उन्होंने प्रवाह पाप सुंदरता डिनर कितना सी क्रोध शांति इतनी धरती खीर समुद्र में जाकर पुकार कर दिया [संगीत]
14:28 फोड़े बन गए सी जिम शरीर पर मां लो कोई सादे फोड़ा हो जाए ना डॉक्टर कैट दे इलाज कर दिया [संगीत] कथा सहारा [संगीत]
15:50 जादौन कोई भी जेड अवतारी पर खून दिया वो किस साधु शांतनु देख के खुद भी उदास हो जाते हामिद एक साथ देख के दादा साहब जी भगवान जी ने की किताब हमला करने जाना कित बहुत क्रोध करके चमक बड़ा तीर्थया सीखने वारी जितना पूरियां डा नस कर देता सारे साधु संत देवता के देख के खुश हो गए
16:50 करने लगे जादौन कई दिन बीट गए बड़ा ही उन्होंने अपना विराट रूप दिखाए देवते सारे जी भगवान जी का क्रोध विक डर गए सारे घाना गंधर्व अच्छा सा दुर्गा ने भगवान जीनू वरदान देता मारूंगी
17:40 इतना पुराना देवता थे भगवान
18:32 सिंह जी महाराज सैंडविच वचन [संगीत] गुरु गोविंद सिंह जी महाराज केंद्रे की जादौन शिवाजी ना गजे आना [संगीत] तीर मारे अतंग नाम
19:27 [संगीत] शिवा जी भगवान हनुमान
20:38 यह सर कुछ देखके इंदर देवता बहुत परेशान हुआ तो दोनों पता लगा अभी अंडांगा वेरी मारे ए गया इंदरलोक विचारे चले जान को रूप डिक शिवा जी डा हथियार गुरु गोविंद सिंह जी के अंदर चोरी कर लिया [संगीत] जन्म लिया वह करो [संगीत]
21:37 दाढ़ी तो फाड़ के ब्रह्मा नूर वाया इंद्र न्यू जेट के अपने शहर उत्त सदर चलाया देवते अनु जाट के अपनी चरणी ला लिया शिवा जीते विष्णु अपने शहर में चले आके उन्हें बसाया 14 रतन लिया सब देवते थे अपने शहर में चले आके बसाया सी फिर कैलाश पर्वत चला गया
22:23 [संगीत] पाव जालंधर्ता टापू कार्य गुरु गोविंद सिंह जी अब प्रसंग से ऊपर आओ अस्पतते कल बताओ [संगीत]
24:01 4 * 3 यहां प्रजापति ने कश्यप लिखी न्यू दे दतिया कई लड़कियां चंद्रमा ने व्याहियां कई लड़कियां दूजे न्यू चलिए गया एक लड़की गौरा ने रुद्रन पति देता औरतें जादौन और जानू विवाह था जल्दी लड़कियां
25:21 [संगीत] गॉर्जियस ठंडी होगी फिर गौर जान योग अग्नि प्रकट की थी गुरु गोविंद सिंह जी महाराज
26:21 का अनुपात कितना सारे [संगीत]
27:53 ए गया उन्होंने हाथवे चित्र के पाव की सब्जी पक्वांटे राजे-दस युद्ध हो या तेज तरह शाहजी ने पर त्रिशूल [संगीत] गया शूरवीर
29:07 [संगीत] भगवान जी सीधे [संगीत] भगवान ने भी रुद्रा कल को तारा ते आना [संगीत] होगी रसिया
29:54 [संगीत]
30:45 शुभम सात श्री विचित्र नाटक पाव की 11वां अवतार गुरु गोविंद सिंह जी केंद्रे भगवान जी डा खोया विष्णु भगवान जी का मंदिर [संगीत]
32:18 गुरदास जी गुरु उन्होंने की मैं हमला कित की मैं उन्होंने जाके वेरिया डा श्रृंगार की साड़ी पता लागू हुई देवयानी भाई
33:08 [संगीत] श्री कृष्णा भगवान जी ने कथा सुने सी शिक्षा डर्टी जीजेडी भागवत गीता के रूप में प्रगति हुई बस जी सारे ताराम दही सत्कार कर दी तूने
33:58 [संगीत] गुरु टैग बहादुर महाराज ने कश्मीरी पंडित दी फरियाद सनी दिल्ली जाकर शहद
34:50 दे पुजारी ठाकुर जी न्यू मंदिर साहिब श्री आनंद साहिब दी वाणी श्री रेहरास साहिब ते कीर्तन सोहिल पांडे अपने अनुसार [संगीत]
35:48 दोनों चीज जरूरी है वीर रस भी जरूरी है शांत रस भी जरूरी है बिरहा भी जरूरी है सारियां चीजें जरूरी है [संगीत] क्योंकि शास्त्र [संगीत] के दिन महादेव
36:39 [संगीत]
37:45 साधना कर दिया गुरु दी संगत जी आप जी भाषण योग हो
38:30 गुरु महाराज सच्चे पाशा जी कलगी तार जी भाषण जाते वरना जर्क जाते सहित विधान की देवी देवों रे संतोख सॉन्ग दूर होते रेट मिट्टी जाति कथा वेदन प्राण की श्री गुरु गोविंद सिंह पवन परण और मूर्ति ना होती जो करना निदान की अगर गुरु गोविंद सिंह जी महाराज ना नंदे आमंत्रण दे टैली सी देना