Full transcript of “URDU PODCAST-NOUMAN ALI KHAN⭐️What’s Wrong with Desi Parents? Loneliness in Life @ramshasultankhan”. Click a timestamp to open the video at that moment. Need another video? Use the YouTube transcript generator.
0:00 अगर तुम ऐसा नहीं करोगे अल्लाह तुमसे नाराज हो जाएगा इंसान की नाराजगी से अल्लाह की नाराजगी जुड़ी होती तो हम सारे जहन्नम में जा रहे होते क्योंकि एक दिन आज आपके पेरेंट्स नाराज हैं इसका मतलब अल्लाह नाराज है कल आप पेरेंट हो गए आप नाराज होंग तो आपका बच्चा जहन्नम में जाएगा तो हम पूरी पूरी नस्लों को जहन्नम में भेज देते हैं पेरेंट्स कहते हैं कि तुम मेरी बात नहीं मानोगे तो अल्लाह नाराज होगा यानी ये रिश्ता कबूल कर लो वरना अल्लाह नाराज होगा या यह वाली जॉब कर लो वो वाली जॉब मत करना वरना अल्लाह नाराज हो क्योंकि मेरी मेरी मेरी रजा में अल्लाह की रजा है राइट इन मामलात में पेरेंट्स ने जो अपने अपने साथ अला ताला को जुड़ा हुआ है ना यह मेरे नजदीक शिर्क की एक किस्म है और यह बहुत बड़ा गुनाह है कि आप या तो परफेक्ट मुस्लिम है या आप जहन्नुम में जाएंगे सीधा सो व्हाट्स द बैलेंस लोगों से मत डरा करो
0:45 लोगों का लिहाज ना किया करो मेरा लिहास किया करो अला कहते हैं इंडिया और पाकिस्तान में लोगों को अरबी पढ़ना आती है पर समझ नहीं आती जब तक वो आपके अंदर एक प्यास नहीं डिवेलप होगी ना तब तक आप अरबी पढ़ना अगर कल भी शुरू कर दो परसों छोड़ दोगे दिन पढ़ोगे फिर क्विट कर दो उस प्यास को बढ़ाने के लिए पहले आपको कुरान के साथ टाइम गुजारना पड़ेगा ताकि आपको एहसास तो आप क्या चीज है जिससे आप महरूम हो रहे [संगीत] हो सो उस्ताद अल्लाह के 99 नेम्स में से या अल्लाह के नामों में से ऐसा कौन सा नाम है जो आपके दिल के सबसे ज्यादा करीब है रब सबसे करीब है उस नाम के अंदर जो हमारा ताल्लुक है अल्लाह ताला से उसकी पूरी बुनियाद उसके अंदर है और एक तरह
1:34 से देखा जाए तो बाकी जो ताला के नाम है वो उसी नाम की तशरीफ मेरे नजदीक जिसके तहत उस उसकी रबू बियत से ही आप उसको उसकी रहमत समझ आएगी उसकी मगफिरत समझ आएगी क्योंकि अगर आप सिर्फ समझे जैसे अल्लाह ताला माफ करने वाला है राइट लेकिन उसकी माफी अपने बंदे के लिए यानी वह रब के नाते माफ कर रहा है रहमत रब के नाते रहम कर रहा है जब आप रब का लफ्ज आगे से निकाल देते हो तो फिर आप कहते हो अल्लाह मुझ परे रहम क्यों नहीं कर रहा यानी आप एंटाइटल हो जाते हो कि मेरा भी हक है कोई राइट आपके दिमाग से ये बात चली जाती है कि वो रब है फिर जब वो लिहाज चला जाता है तो फिर आप अध वो भी चला जाता
2:22 है सो या रब सो उस्ताद एक परफेक्ट मुस्लिम की एक इमेज बना दी गई है एंड एनी वन हु डजन फिट दैट मोल्ड उसको बहुत ज्यादा क्रिटिसाइज किया जाता है एंड आल्सो एक रिलीजस सुपीरियोर लोगों में देखी जाती है जो अगर थोड़ा सा भी दन प्रैक्टिस करने लग जाते हैं वह औरों को हकीर समझने लग जाते हैं सो बेसिकली द कांसेप्ट इज लाइक के आप या तो परफेक्ट मुस्लिम है या आप जहन्नम में जाएंगे सीधा सो व्हाट्स द बैलेंस मुझे मुझे हर एक्सट्रीम के दो अपोजिट एंडस नजर आते एक एक्सट्रीम है कि अगर आपका हुलिया ऐसा नहीं है तो आप जहन्नम हो या आपने को खामी है यह व राइट दूसरी तरफ इसका एक ओवर रिएक्शन क्या हुआ है कि जी मैं यह चीज तो
3:08 नहीं करता जो यह अच्छे मुसलमान करते हैं लेकिन डोंट जज मी आई एम अब मेरे दिल में अल्लाह का ईमान है और हु आर यू टू टेल मी व्ट इस्लाम इज मेरा अपना तालुक है अल्लाह ताला के साथ और यानी एक तरफ कुछ लोग हैं जो अल्लाह ताला के कुछ अकाम की पाबंदी करते हैं उसके हिसाब से अपने आप को प्रेजेंट करते हैं और फिर वो कहते हैं कि यह इसकी बुनियाद पर हम लोगों से बहतर दूसरी तरफ लोग कहते हैं कि अच्छा यह लोग अपने आप को इतना अच्छा समझते हैं मैं मर जाऊंगा इनकी तरह नहीं लगूंगा और फिर फिर भी मैं मुसलमान बल्कि मैं इनसे भी अच्छा मुसलमान यानी इनम जो एरोगेंस है जो इसकी रिएक्शन में लोग निकलते हैं ना व उनमें भी वही वाली एरोगेंस होती है ठीक है दमनी रास्ता क्या है देखें आप किस किसी की तारीफ या किसी की की तन कीद किसी का क्रिटिसिजम जब तक आपके इस्लाम पर किसी की
3:56 तारीफ या किसी के क्रिटिसिजम से असर होता रहेगा ना तो वो इलाम काम असल में आपका नहीं है लोगों के कमेंट्स का है ओके वो आपका आपका अल्लाह ताला से तालुक नहीं है आपका ताल्लुक लोगों से है सोसाइटी से है अगर कोई कहे कि भाई मैंने लड़की मुझे मिली थी एक दफा कहती मैंने हिजाब मैं पहनती थी मैं नहीं पहनती अब मैंने कहा क्यों नहीं पहनती कहती मेरी मां ने मुझे बहुत फोर्स कर कर के पहनाया था तो अब मुझे बुरा लगता है हिजाब को देख के मुझे उ चड़ आ जाती है तो मैंने कहा तुम्हारा ताल्लुक तुम्हारा हिजाब से ताल्लुक अल्लाह के साथ उसका कोई कोई नाता नहीं है इसका तालुक सिर्फ तुम्हारी मां के साथ है मसला यह है कि तुम जब तक तमाम मखलूक को अलहदा ना कर दो अपने ताल्लुक से अल्लाह ताला के किसी को अच्छा लगे ना लगे वो कहेगी अगर मैं अभी पहनूंगी तो मेरी मां को लगेगा कि व जीत
4:42 गई राइट तभी भी तुम्हारे दिमाग में जब तुम पहन रही हो तो तुम्हारे दिमाग में अल्लाह नहीं है तुम्हारी मां है उसके पॉइंट्स ना बन जाए मैं उसको मां को नहीं जीतने दूंगी अपनी उसने बहुत तंग किया था मुझे राइट यानी आपके सारे दिमाग में एक रिएक्शन चल रहा है और आपके दिमाग में लोग ज्यादा है तो यू नो ये जो अवेयरनेस है ना लोगों की ला लोगों से मत डरा करो लोगों का लिहाज ना किया करो मेरा लिहाज किया करो अ ताला कहते हैं राइट तो यह एक एक डिस्कनेक्शन होती है जो आपको डेवलप करनी पड़ती है और यह जो क्योंकि आप जो यंगर जनरेशन है वो सोशल मीडिया में हर तरफ से क्रिटिसिजम कॉमेंट और उसी को देखते रहते हैं कि किसी ने क्या कहा किसी ने क्या कहा जितना आप उसको देखोगे उतना वजन ज्यादा है आपकी जिंदगी में उस उन चीजों का ये जो लोगों की बातें
5:27 है ना जो जो तारीफ है और जो तन कीद है मैं अपने बारे में ही कहता हूं किसी और के बारे में नहीं कहता मुझे कोई बुरा बला कह दे तो कहता रहे मेरी कोई तारीफ करता है तो करता रहे ना उसकी ना उसकी तारीफ से मेरी इज्जत में इजाफा हो रहा है ना उसकी बेज्जती करने से मेरी जिल्लत में इजाफा हो रहा है मेरी जिंदगी में कुछ खास लोग हैं जिन मैं इतना एतमाद करता हूं इतना ट्रस्ट करता हूं जब वो मे मुझे कहेंगे तुम कुछ गलत कर रहे हो या तुम कुछ सही कर रहे हो तो उसका मुझ पर असल में असन होता है जो बाकी सारे हैं ना उनकी तारीफ भी या उनकी तन कीद भी बराबर है उसका कोई असर नहीं है मेरे ऊपर क उसकी वल्य नहीं है क्योंकि वो लोग मुझे असल में जानते नहीं है आप लोग जब बाहर के लोग जो आपको जानते भी नहीं है आपकी स्ट्रगल्स क्या है आपकी इंटेंशन क्या है वह आप पर जजमेंट कर रहे हैं आपको खामखा सदर देने की क्या जरूरत है यानी इसका
6:13 सिर्फ एक ही माना होता है कि आपने अल्लाह ताला के रिश्ते के साथ और रिश्तों को भी खामखा जोड़ा हुआ है वो अलग करने पड़ेंगे यू नो इसी को इखलास कहते हैं असल में और लोगों को अपनी अल्लाह के साथ रिलेशनशिप डिक्टेट ना करने उसम उनका कोई अमल दखल है ही नहीं अब मैं नमाज पढ़ रहा हूं तो कोई देख रहा है नहीं देख रहा उससे मुझे क्या फरक पड़ेगा मैं किसी और के लिए थोड़ी पढ़ रहा हू अपने रब के लिए पढ़ रहा हूं यही चीज हर मामले में इस्लाम के हर सिर्फ नमाज में नहीं हर मामले में किसी और के लिए क्यों कर रहे हो रान में भी वो कोई और कोई ना कोई तकी करता र उससे व डरते ही नहीं यनो
6:59 इंडिया और पाकिस्तान में लोगों को अरबी पढ़ना आती है पर समझ नहीं आती यह हमारा एक पूरा एजुकेशन सिस्टम ऐसा ही है बचपन से लेके सो मोस्ट ऑफ अस आर नाउ इन आवर 20 30 40 एंड वी आर नोवेयर तो कहां से हम शुरू कर सकते हैं कुरान को समझना पढ़ना या अरबी को समझना और पढ़ना कि एटलीस्ट अपनी लाइफ में हम कुछ तो इल्म हासिल कर ले बंडी अरबी पढ़ना जो है वह दूसरा दर्जा है अरबी के मुश्किल काम है मेहनत का काम है उसके लिए आपको पहले एक बहुत सीरियस कुवत इरादा इंटेंशन मोटिवेशन होनी चाहिए वह कहां से आएगी पहले मैं कहता हूं कि अगर इंसान कुरान पढ़ना शुरू कर दे
7:46 कुरान के लेक्चर सुना सुनना शुरू कर दे कुरान को समझने की कोशिश करना शुरू कर दे और इतना पढ़े और इतना समझने की कोशिश करें अरबी के बगैर कि उसके अंदर एक तड़प सी आ जाए कि यह मुझे बगैर किसी तर्जुमे के या बगैर किसी के समझाने के मुझे खुद समझ जब तक वो आपके अंदर एक प्यास नहीं डिवेलप होगी ना तब तक आप अरबी पढ़ना है अगर कल भी शुरू कर दो परसों छोड़ दोगे तीन दिन पढ़ोगे फिर क्विट कर दो उस प्यास को बढ़ाने के लिए पहले आपको कुरान के साथ टाइम गुजारना पड़ेगा ताकि आपको एहसास तो आप क्या चीज है जिससे आप महरूम हो रहे हो राइट व एहसास ही नहीं है कि व्हाट आर वी मिसिंग राइट तो वो पहले है फिर उसके बाद इंशाल्लाह मेरे नजदीक इसका इसका ताल्लुक भी टाइम मैनेजमेंट से है और लोग मुझे कहते
8:31 हैं आख मैंने अरबी पढ़नी शुरू कर दी फिर मैंने छोड़ दिया आप बताए मैं क्या करूं मैंने कहा मैं आपको कभी नहीं बताऊंगा आप क्या करें हो ही नहीं सकता क्योंकि अगर आपने छोड़ दी तो आप अपने आप से पूछे आपने क्यों छोड़ी मैं क्यों बताऊं मैंने कभी किसी से जाके क्यों नहीं कहा कि मैंने छोड़ दी मैं आप मुझे बताए मैं क्या करूं प्लीज मुझे मोटिवेट कर दें अगर मैंने अपने आप को एक्सक्यूज नहीं दी मैं तुम्हें क्यों दूं हदीस में आता है कि तुम में से किसी में ईमान नहीं है जब तक वो अपने भाई के लिए वो चीज पसंद ना करे जो अपने लिए उसे पसंद हो हम राइट मुझे अपने लिए क्या पसंद है नो एक्सक्यूज तो मैं तुम्हारे लिए एक्सक्यूज क्यों पसंद करूं मैंने कभी जिंदगी में नहीं सोचा मैं जाकर किसी से प्लीज मुझे मोटिवेट कर द ताकि मैं पढ़ लू मैंने जिंदगी में कभी ख्याल नहीं आया मेरा मुझे कि मैं किसी से जाक इस तरह कहूं तो यह तो एक बहुत कमजोर पर्सनालिटी की अलामत
9:17 है कि मैं जाके जब तक आप मेरे दिन में एक आग नहीं लगाएंगे वो आग लगेगी नहीं यार तुम्हें अल्लाह ताला ने बनाया है तुम्हारे तुम्हारे अंदर अला ताने अप अपनी बनाई हुई रूह डाली है वो कोई कमजोर चीज है उसकी उसकी बेजती की तो आईन कर रहे हो यू नो तो जब तक इंसान को अपनी कदर ना हो ना तो व बाहर से कहीं कोई आके मेरी मदद कर दे और ये बेबसी वाला जो पुराने एक सीन बनाया हुआ है उसका मैं पूरी तरह इंकार करता हूं आप बिल्कुल कैपेबल हो आप आपके अंदर डिसिप्लिन भी है डिटरमिनेशन भी है एबिलिटी सारी चीजें हैं बस आप अपने आप से झूठ बोल रहे हो कि आप बिल्कुल बेबस हो या आप सुस्त हो आप यह है वो ये झूठ आप अपने आप से तो बोल सकते हो अल्लाह से नहीं बोल सकोगे कयामत के दिन सो बेसिकली जब तक हम खुद से नहीं जाएंगे तब तक कुरान जर्नी या अरबिक जर्नी
10:04 नहीं शुरू हो स मुकम्मल हो सक सीरियस नहीं है जब तक आप सीरियस नहीं हो ग ना अपने आप से अब इधर उधर से मोटिवेशनल वीडियो ढूंढते रहना स द डिटरमिनेशन इज मिसिंग फ्रॉम विदन या या और यय दन है ही उन लोगों के लिए जो एक पुख्ता इरादा करने की सलाहियत रखते हैं जैसे अ ताला ने जो पहली कौम है जो मुसलमान हुई है उन्होंने बहुत सीरियस फैसला किया था उस फैसले के साथ बड़ी मुश्किले आई थी उनकी जिंदगी में लेकिन अब छोड़ना नहीं है फैसला कर लिया तो कर लिया और यही हमारा पू हमारी पूरी तारीख ही यही है हम मुसलमान है इसलिए कि हमारे अंदर एक डिटरमिनेशन होती है और जब आप आप कह रहे हो मेरे अंदर है नहीं तो आप अपने आप से झूठ बोल रहे हो का देसी कल्चर में पेरेंटिंग स्टाइल यह है
10:50 कि कंट्रोल करने के लिए बच्चों को यह बोला जाता है अगर तुम ऐसा नहीं करोगे अल्लाह तुमसे नाराज हो जाएगा या फिर अगर तुमने मुझे नाराज किया तो अल्लाह तुम्हें कभी माफ नहीं करेगा सो दज किड्स ग्रो अप टू बी इंडिविजुअल्स हु रन अवे फ्रॉम अल्लाह उनका कोई रिलेशनशिप नहीं होता अल्लाह के साथ एंड उन्हें लगता है कि अल्लाह सिर्फ एक दरोगा है जो सिर्फ पनिशमेंट देने के लिए है इज दिस पेरेंटिंग स्टाइल ओके अगर इंसान की नाराजगी से अल्लाह की नाराजगी जुड़ी होती तो हम सारे जनने में जा रहे होते क्योंकि एक दिन आज आपके पेरेंट्स नाराज हैं इसका मतलब अल्लाह नाराज है कल आप पेरेंट हो ग आप नाराज होंग तो आप का बच्चा जहन्नम में जाएगा तो हम पूरी पूरी नस्लों को जहन्नम में भेज देते हैं क क्योंकि इस दुनिया की सारी पॉपुलेशन जो है ना वो एक ना एक दिन पेरेंट
11:38 होंगी यानी सबकी सबका गुस्सा अल्लाह का गुस्सा बन जाए अल्लाह ताला ने अपनी किस चीज से अला ताला को गुस्सा आता है किस चीज को कौन सी चीज अल्लाह ताला पसंद करता है उसने खुद बयान कर दिया है और इने कोई खास लाइसेंस नहीं दिया वालदैन को कि उनका गुस्सा अल्लाह का गुस्सा बन जाता है मुझे कहा है अपने वालदैन से बेहतरीन सुलूक करो लेकिन यह नहीं कहा कि तुम्हा वालदैन जब तक तुमसे खुश नहीं होंगे मैं तुमसे खुश नहीं होंगा देखि यह नहीं कहा वालदैन को खुश करो यह फर्क है व बवाना वालदैन के साथ बेहतरीन सुलूक करो यह बहुत मुमकिन है कि आप किसी के साथ बेहतरीन सुलूक करें लेकिन व आपसे खुश ना हो यह भी ब यह भी हो सकता है कि आपके साथ किसी के साथ ज्यादती ना करें आप उसके साथ इंसाफ करें अकल की बात करें हक की बात करें लेकिन वह कहे आप तुमने मेरे
12:23 साथ बहुत ज्यादती की है बहुत जुल्म किया बहुत बदतमीजी की तुमने मेरे साथ आप सच बात कह रहे हो और आगे से आपको कहने को एक्यूजेशन इल्जाम ये आ रहा है कि आपने बहुत बदतमीजी की है मेरे साथ इंसान के दिल में उसको कोई बात पसंद नहीं आती उसका जो भी रिएक्शन होता है होता रहे और फिर वह उस चीज को आगे लेकर क मेरे मेरे बच्चे ने मुझे कहा कि मैं शराब नहीं बेज सकता अल्लाह उससे पूछेगा अल्लाह आपसे नहीं पूछेगा और यह यह यह जो बात लोग कह देते हैं ना कि मैं मेरी नाराजगी अल्लाह की नाराजगी बनेगी यह हमारी कौम की सबसे बड़ी जहाल तों में से है हमारे दीन में वा का बहुत बड़ा रुतबा है लेकिन उसको अल्लाह ताला के साथ नहीं जोड़ा गया इस तरह जिस तरह हम लोगों ने जोड़ दिया हुआ है और लोग ये लोग ये बात क्यों इस्तेमाल करते हैं यह भी समझ ले पेरेंट्स कहते हैं कि तुम मेरी बात नहीं मानोगे तो
13:09 अल्लाह नाराज होगा यानी यह रिश्ता कबूल कर लो वरना अल्लाह नाराज होगा या यह वाली जॉब कर लो वो वाली जॉब मत करना वरना अल्लाह नाराज हो क्योंकि मेरी मेरी मेरी रजा में अल्लाह की रजा है राइट इन मामलात में पेरेंट्स ने जो अपने अपने साथ अला ताला को जुड़ा हुआ है ना यह मेरे नजदीक शिर्क की एक किस्म है और यह बहुत बड़ा गुनाह है और यह बहुत बड़ा जुल्म भी है क्योंकि जिन चीज जिस दायरे को अल्लाह ने इंसान के लिए हलाल किया है ना उसको कोई वालिद कोई चचा कोई कोई और आके उसको हराम नहीं कर सकता और जिस चीज को हराम किया है कोई रिश्तेदार आकर उसको हलाल नहीं कर सकता तो जो जो चीज मेरे लिए जिस चीज से अल्लाह नाराज नहीं है उसके अगर मैं वह कर रहा हूं तो कोई और ना होता रहे मुझे उससे क्या मुझे उससे को कोई कोई उसका असर नहीं होना चाहिए मेरे
13:55 ऊपर तो यह मैं वालदैन से बगावत की बात कर रहा लेकिन वालदैन ने जो अपने अपने अपने आप को एक नया बुत बना लिया है ना हमारे कल्चरस में ये एक बहुत एक्सट्रीम तक बात चली गई है एक एक्सट्रीम वेस्ट में है कि वालदैन को नर्सिंग होम्स में डाल दो उनका कोई लिहाज ही नहीं है और दूसरी तरफ यह कि उनको सजदा तो हम पांच पांच वक्त जो है वो अल्लाह को करते हैं लेकिन जो साइकोलॉजिकली सजदा है वो हम अपने वालदैन को कर रहे हैं राइट और यह गलत है ये सरा सा गलत है और ये यह हमारी कौम की जो हम पीछे रह गए ना उसकी वजूद में से एक भी है क्योंकि देखि रियलिटी ये है कि बहुत सारे पेरेंट्स हैं वो एंजाइटी और डिप्रेशन का शिकार हैं और उनके बहुत सारे ऑपिनियंस उस डिप्रेशन से आते हैं और अब वो डिप्रेशन के वो डिप्रेशन अपने बच्चों प इंपोज कर रहे हैं कह रहे भाई तुम मेरी बात मानो वरना अला खफा होगा
14:43 तो आप जेनरेशनल डिप्रेशन जो है वो जारी कर रहे हो आगे तक ले जा रहे हो राइट और इस चक्कर में सिर्फ इसीलिए नई नस्ल फसती है कि नई नस्ल को खुद ना पेरेंट्स को अपना दन पता था ना बच्चों को अपना दीन पता है जब दीन ना पता हो तो आपको नहीं पता होगा ना कि आपके हक क्या है और आपकी जिम्मेदारी क्या है किस हर हर एक का दायरा कितना बड़ा है कितना छोटा है आपको तो नहीं पता होगा तो आप जो आप से आपका कह जाएगा वो मान लोगे लोनलीनेस एक बहुत कॉमन चीज हो गई है आज की दुनिया में ट्स बिकॉज फ्रेंडशिप्स खोखली हैं पेरेंट्स के साथ वो रिलेशनशिप कभी डेवलप नहीं हुआ और अल्लाह के साथ एक गिल्ट का रिलेशनशिप है सो इन द एंड अ पर्सन फाइंडस देम सेल्फ वेरी वेरी लोनली जो वॉइड अल्लाह फिल कर सकता है हमारी लाइफ
15:31 में वो हमने अल्लाह को जगह ही नहीं दी अपने दिल में सो हाउ कैन वी लप अ पॉजिटिव माइंडसेट अबाउट अल्लाह कि अगर कोई नहीं है तो अल्लाह है देखि हम अपने आप को इब्राहिम अल सलाम का दन कहते हैं बलक इब्राहिम इब्राहिम अ की पूरी जिंदगी काफी लोनली है शुरू से ही और एक तो कहना आसान है कि अल्ला ताला के साथ तालुक छोड़ लो लेकिन उसका मतलब क्या है उसका मतलब यह है कि अब अगर आपके दिलो दिमाग में कोई एक बहुत बड़ा पर्पस ना हो ना जिसके पीछे आप भाग रहे हो तो फिर आप का पर्पस उससे कम चीजें बन जाती हैं देखिए अगर कोई स्पोर्ट्स टीम में जाना चाह रहा है तो दिन रात ट्रेनिंग कर रहा है उसके दिमाग में है कि मैंने इस टीम के लिए
16:17 क्वालिफाई करना है उसम वो लगा हुआ है उसके पास टाइम ही नहीं है बैठ के मैं लोनली हूं मैं यू नहीं मुझे एक्सरसाइज करनी है मुझे ट्रेनिंग करनी है मुझे ये करना है मुझे वो करना है राइट और जब वो उस रास्ते प चलेगा तो उसको कोचेस मिलेंगे उसको और एथलीट्स मिलेंगे उसको और लोग मिलेंगे जो उसकी राह में है और वही उसकी कंपनी बन जाएगी क्योंकि वो उसकी कंपनी एक ही कॉज में है साथ राइट जैसे यूनिवर्सिटी में लोग दोस्त बन जाते हैं क्योंकि वो एक ही कोर्स ले रहे हैं राइट आपकी जिंदगी में अगर कोई बड़ा मकसद ना हो तो फिर आपके इर्दगिर्द जो लोग हैं उनके साथ आपके ताल्लुक जो है वो किसी मकसद की बुनियाद पर नहीं है जब आप पर्पसफुली मकसद मेरे नजदीक असल मसला मेरे नजदीक लोनलीनेस का नहीं है असल मसला पर्पसलेस नेस का है यंग लोगों के दिमाग में कोई
17:03 मिशन मैंने यह करना है मुझे ये अम्लिप के ये काम करना है कोई और करे ना करे मैं करूंगा जब आप उठोगे तो और लोग आपको देख के कहेंगे यह तो करने मैं भी इनकी मदद करता हूं मैं भी साथ लग जाता हूं मैं भी साथ लग सकता हूं तो आपको लोग जवाइन करेंगे किसी एक पॉजिटिव काम में किसी एक अच्छे काम में और जब ऐसा करेंगे ना तो फिर आपके असल मीनिंगफुल रिलेशनशिप्स बनेंगे यू नो हर चीज में अगर आप लोअर पर्पस लगाते हो ना लोर परपस क्या होता है मेरी व्यूवर्स व्यूअरशिप ज्यादा हो जाएगी मैं को अच्छे काम करने लगा हूं पहले मैं कैमरा ऑन कर दूं फिर मैं को अच्छा काम करूं इट्स अ लोअर पर्पस क्योंकि अब आपका पर्पस है पॉपुलर आप अब आपका पर्पस है व्यूअरशिप आपका कोई असल मकसद नहीं है जब तक असल मकसद नहीं हो यह चीजें आती रहे लेकिन यह चीजें जब ये चीजें मकसद बन जाती है ना तो फिर वो
17:48 रिलेशनशिप भी आपके ऐसे ही होते हैं निचले क्योंकि मकसद निचला है गोल आपका नीचा नीचे है तो रिश्तेदार भी सारी नीचे होंगी सारे रिश्ते भी नीचे होंगे जब आपका गोल हाई हो जाएगा तो रिश्ते भी आपकी जिंदगी में हाई हो जाएंगे इंशाल्लाह थैंक यू सो मच फॉर योर टाइम उस्ताद अल्लाह आपको इसकी जजा खैर आई मीन आई मीन आई मीन अला रिवर्ड यू अला प्रोटेक्ट यू र थैंक यू थैंक यू व्हाट्स हैपनिंग राइट नाउ इज बेसिकली द ड्रीम ऑफ एवरी यंग पर्सन फ्रॉम इंडिया एंड पाकिस्तान एंड इट्स एक्चुअली एन ऑनर टू सिट विद यू टुडे एंड आस्क यू अ फ्यू क्वेश्चंस व्हाट्स डिफरेंट अबाउट टुडेज जनरेशन कंपेयर्ड टू द प्रीवियस जनरेशन आई थिंक दिस जनरेशन इ मोर इंफर्म आई थंक देर मोर अवेयर ऑ व्ट्स हैपनिंग इन द
18:34 वर्ल्ड वन रिग्रेट दैट यू डू नॉट वां टू हैव एट योर डेथ बेड लाक अलान पुट न बींग ऑन दथ ट रिलक्स ट असर ट डू समथिंग वि आवर लाइव्स यन एवरी एवरी ब्रेथ एवरीडे इज एन टुनि अला गिवन अस ट ड समथ टक सथ बेनेफिट रसे बफिट सम बडी एल्स बट बी पर्पस फुल बी इंटेंट फुल एंड द यंग जनरेशन है टर्म कॉल्ड टाइम पास एंड वी ओ या आई एम वेरी फर वि टाइम आई विल मिस्ट टाइम पास डू यू हैव एनी सजेशन फॉर द पीपल सो दैट दे यूज देर टाइम वाइली