0:00 हां जी नमस्कार सत श्री अकाल गुड मॉर्निंग बाड़मेर वालों आ जाओ भाई आ जाओ आ जाओ गांव वालों आ जाओ गब्बर आ गए आ जाओ आ जाओ भाई नमस्कारम सत श्रीलंम गुड मॉर्निंग चालू हो गया वेलकम टै चैट रिमेंबर सर एसआई के लिए साइंस टेक्नोलॉजी बेस्ट बुक बताओ अरे कोई सी ले आओ यार सब में एक जैसी आ जाओ आ जाओ जाओ आ जाओ आ जाओ आज बाड़मेर कंप्लीट कर देंगा ज्यादा टाइम को लागेगो आज हमारा नया जिला है बाड़मेर गट पड़े है गुरुजी बाड़मेर में पड़े मुना
0:47 बाड़मेर गट पड़े गुरुजी बाड़मेर मुन्ना राजस्थान में पड़े राजस्थान गट पड़े राजस्थान भारत में पड़े भारत घट पड़े भारत एशिया पड़े हर हर महादेव इस सॉरी मिल तो जुल तो सही कला और हस्त कला की डढ़ी कह सकते हैं इसे और इसका शुभंकर जो है वो थे बताओ बताओ के ताकि मन बेरो चल जाए कि थे आ गया शुभंकर कमेंट आ रहा है कि चालू को नहीं होगी हैं चालू हो ठीक है हां शुभंकर इसका शुभंकर है मरु लोमड़ी मरुस्थल की लोमड़ी तो लोमड़ी अलग-अलग होवे
1:34 भाई खेतारी अलग हो सके जंगल की अलग हो सके पहाड़ा की लोमड़ी या अपली बकरी है अपली बकरी माचे पर को चढ़ जाए पहाड़ा बकरी पहाड़ा के ऊपर चढ़ जाएगी इसी जगह ज आदमी को चढ़ सके इसकी बाड़मेर की स्थापना जो की थी वो बाड़राव ने की थी किसने बाड़राव ऊ के नाम है बस वो नाम है जो बाड़मेर पड़े और भाई साहब घणो ही तेल निकले घनो ही जिप्सम निकले घनो ही कोयलो निकले निहाल हो गया भगवान कुछ ना कुछ देता ही है जिन क्षेत्रों की बहुत हरियाली हराभरा क्षेत्र है उनको भगवान ने दे दिया खेती करो यहां पे खेती वगैरह कम है तो इनको कह दिया कि तेल काो कोयला काो मजा करो जैसे सऊदी अरब वालों को कुछ नहीं दिया उसने तेल दे दिया तेल से ही मौज कर रही यहां पर जिप्सम और
2:21 कोयला के प्रचुर भंडार हैं और जहां तेल निकलेगा, जिप्सम निकलेगा, कोयला जहां निकलेगा, वहां वहीं तेल निकलेगा। और बाड़मेर में बाजरा अनुसंधान केंद्र भी है। बाड़मेर को बाजरो बहुत स्वादिष्ट है। बाजरा अनुसंधान केंद्र तो भाई बाड़मेर आरो बढ़िया बाजरो आ नौकरी ला सा 2 किलो बाजो की भी ले। अब मान लो 50 जना नौक गया तो आपने 100 किला होगी और बाड़मेर और बाड़मेर के बाद में है जैसलमेर ऊपर बाढ़ जैसलमेर है नीचे बाड़मेर है दोनों के बीच में एक अभयारण्य है और बहुत
3:06 फेमस अभयारण्य नाम के आगे लगता है राष्ट्रीय मरू उद्यान अब थे कह होगा गुरुजी मरू उद्यान राष्ट्रीय थोड़ी है राष्ट्रीय राष्ट्रीय को नहीं लेकिन आपने के आप कह दियो भाई हम लोगों ने सोचा कि इसको राष्ट्रीय का दर्जा दिलवा लेते हैं दर्जे के चक्कर में कर दियो सर आपने जीके सीटी नया बेंच ल्च किया है मैंने पहले ही 1200 वाला सीटी बैच खरीदा हुआ है तो कोई बात नहीं खरीद है तो तेरा जुगाड़ बिठा दिया मैंने तू एक बार पढ़ ले ठीक है दो जिलों में फैला हुआ है एक तो जैसलमेर में प्लस एक बाड़मेर में यह बहुत बड़ा है लगभग 3000 ऊपर है यानी जैसलमेर में तो है 1900 वर्ग किमी
3:51 और बाड़मेर में 1262 वर्ग किमी राजस्थान का सबसे बड़ा राज्य अभयारण्य ध्यान रहो राज्य अभयारण्य राष्ट्रीय नहीं है राष्ट्रीय तो सिर्फ आप देख राष्ट्रीय को दर्जो मिल जा दर्जो मिल जाए आप पहली नाम लगाना चालू कर दियो या पहली थानेदार की आरएस की तैयारी करे पहली आरएस बनो फिरे बाई बात है आप सिर्फ दर्जे के चकरा में राष्ट्रीय लगाना चालू कर दियो कई बार पूछे निम्न में से राष्ट्रीय अभयारण्य नहीं है में उत्तर केगो राष्ट्रीय मरू उद्यान वेग टाबरो ध्यान रा थे अभी आया हो नया नया आया हो उसके कोरोना पास आउट हो और वे तो याद राियो राष्ट्रीय सिर्फ नाम राष्ट्रीय लगता है क्षेत्रफल में सबसे बड़ा अभयारण्य राज्य का अभयारण्य बड़ा क्षेत्रफल में क्या है सबसे बड़ा और यहां
4:37 क्या पाया जाता है ये के के पाई जाओ मरुस्थल है मरुस्थल में के पाई जागो मरुस्थल में सांप होगा झाड़ियां अ गोडवन वगो क्या खातिर फेमस है गोडवन खातिर राज्य पक्षी गोडावन कहां पाया जाता है? मरू और मरू लोमड़ी बात ला देगी तो राज्य में गोडावन कहां पाया जाता है? गोडाउन थोड़ा सा बचा है टावरों आप तो जब तक सलटांग भी पहले गोडाउन सल लेगा 30 40 ही बच है अब सी जता हो अब सी देखो बाद में फिर आएगा एक था डायनासोर उसी प्रकार आएंगे एक था गोडावन यानी आप अपनी आने वाली पीढ़ी गोडाउन को देख हो सके जब तक तो क्योंकि बचे ही कोई यहां एक फॉसिल्स पार्क है वह ध्यान रखना जैसलमेर में है जैसलमेर में आकलव फॉसिल्स पार्क
5:23 आकल वुड फॉसिल्स पार्क अ जो भी चीज मिले फॉसिल्स केवे बचे हुए अवशेष आड़पासला जो भी मिला और ले आगे दे तो ध्यान रखियो आकलवुड फॉसिल्स पार्क कहां है ध्यान रखना कहां है अरे भाई राष्ट्रीय मरू उद्यान में बहुत इंपॉर्टेंट है आकलव फॉसिल्स पार्क दोबारा थारो नहीं बने तो इ बना लियो मरू उद्यान ठीक है दो जिला कर दियो ऊपर कर दियो जैसलमेर नीचे कर दो बाड़मेर क्या पाया जाता है गोडावन और क्या पाया जाता है आकलव फॉसिल्स पार्क आकलवुड फॉसिल्स पार्क
6:10 समझ बात ने एसआई के लिए साइंस टेक्नोलॉजी बेस्ट बुक अरे कोई बुक ले आओ सब बेस्ट बुक है सब फर्स्ट बुक है इंदिरा गांधी नहर आवे बेरो थ हां बेरो भी की को गुरुजी इंदिरा गांधी नहर की को बिंगो पानी अठ तक पुगा दियो आप कौन सी नहर को इंदिरा गांधी को इंदिरा गांधी लास्ट में घट तक ले गया आप लास्ट में ले गया आप गढ़रा रोड तक अब तो और आगे ले गया गढ़रा रोड ये गढ़रा रोड बाड़मेर में है जिसे एक प्रकार से जीरो पॉइंट कह सकते हैं ये राजस्थान की जीवन रेखा है मरू गंगा है उसका जो अंतिम पॉइंट था जीरो पॉइंट था वो गढ़रा रोड वो कहां पड़ता है बाड़मेर में वनपाल में सेफ स्कोर बता दीजिए अरे यार पहली बताऊं रे बेटी अब आप हैं अजब गजब
6:58 करते हो क्या किया रेड डाटा बुक में आ गए गोडाउन बिल्कुल आएंगे भाई बचे ही को नहीं मालमोड़ी रेत का तितर बटबड़ शर्मीला पक्षी है तो आपो पेट्रोल और खनिज बहुत है खनिज और पेट्रोल बहुत है बेरो है टाो खनिज और पेट्रोल जो तेल है वो किन चट्टानों में पाया जाता है बेरो है के सर अवसादी चट्टान में यस किन चट्टानों में पाया जाता है? ये अवसादी चट्टानों में पाया जाता है? खनिज तेल किन चट्टानों में पाया जाता है? अवसादी चट्टान। अ तेल का कुआं है ए कुआ है इ बाड़मेर और एक ही तेल को कुआ मक्कू के नाम पर को से महिला के नाम पर है। केके नाम सरस्वती
7:46 राजेश्वरी कामेश्वरी भाग्यम लक्ष्मी नहीं ऐश्वर्या ज फिर बोला कि आ के बात हुई थे मंगला हां मंगला मंगला महिलाओं नाम है मंगला राजेश्वरी कामेश्वरी भागेश्वरी सरस्वती मंगला ऐश्वर्या भाईतु में लगभग है सरस्वती बाईतू में है सरस्वती 2004 में सॉरी कोसलू में सरस्वती ठीक है भाग्य मोरा ज बोला के एक तो तेलुगो को साहब मर्दांगा नाम पर भी निकालो ज फिर बोला तुकाराम शहीद तुकाराम
8:31 लो भाई बाकी सह तेल का कुआं महिला के नाम पर है लेकिन पुरुषों ने बिल्कुल विरोध नहीं किया इस बात का हैं सर पीडीएफ डालते हो क्या नहीं ये पूरे नोट्स ही मैं तैयार करवा रहा हूं पूरे नोट्स ही डालता हूं हैं ऐश्वर्या बायतु में है ये ऐश्वर्या बायतु राजेश्वरी कामेश्वरी भागेश्वरी सरस्वती मंगलम ऐश्वर्या क्या है तो टावररो ए कोई नाट्यकारी के नाटकांग नाम को नहीं है ए तेल का कुए है सर्वप्रथम राजस्थान में जोको तेल की खोज हुई नहीं बा हुई गुड्डा मलानी यह जगह है गुड्डा मलानी राजस्थान में सर्वप्रथम तेल की खोज
9:18 सर्वप्रथम तेल की खोज कहां हुई गुड्डा मलानी में से पहले पोत तेल लेकिन तेल स पहले पोत निकल्यो गठे तो वो निकल्यो टाबरो मंगला में सर्वप्रथम निकला तेल यहां से निकला था खोज होनो अलग चीज है निकालनो अलग चीज है खोज में कह दियो तेल है हां वंदना नाम को भी है बिल्कुल वंदना नाम को और तेल को कु है मतलब एक मर्द के नाम पर बनाए सिर्फ विजय नाम को भी तेल को कुआ है सिर्फ एक तेल को कुआ है जो मर्दा के नाम पर हैं तुकाराम आमले ठीक है कि टावरों याद रह जा के सर बहुत अच्छे मैं बाड़मेर से हूं ठीक है तो बाड़मेर अच्छी बात है जब हम आए तो बाड़मेर
10:04 घुमा देना बस अब गलत बात होगी अगर तू बाड़मेर में नहीं घुमाया अपन हैं क्यों चलो थार महोत्सव मना लिया सर कब मनाना है भाई फरवरी में अब को नहीं आगे बनाऊंगा फरवरी एक मंदिर है कपालेश्वर महादेव मंदिर चौहटन में कौनसो कपालेश्वर महादेव मंदिर कहां है चौहटन चौहटन कहां है बाड़मेर चौहटन क्या खातिर फेमस है बेरो के गोंद खातिर गोंद कथला गोंद
10:50 अब थे गंद के टा आजकल का टाबर थे बहुत शीशा टूट गया मेरा वो भूल गई खिड़की में रख के क्लास के चक्कर में के हैं देखो गोंद जो होवे नहीं चको पेड़ा रस हो एक प्रकार पेड़ के लागे ज बबूल के लागे और पेड़ा लागे वो गोंद बहुत बढ़िया होवे रात ने भगी और सुबह खा भाई साहब हड्डियों के बीच कभी गैप नहीं आता है। देसी चीज तो गिनीचुनी बची है। लेकिन बाड़मेर वाले आज भी देसी चीज ही खा रहे हैं। उनके बाजरा आप यहां का बाजरा खाओ और बाड़मेर का बाजरा खाओ। इतना अंतर आएगा थेों का देसी घी एकदम यानी वो बाजरे में केमिकल नहीं डालते जैसे और डालते हैं। तो आज ये गोंद जो है ना यह बहुत अच्छी चीज
11:38 होती है। तो गोंद के लिए फेमस है। चौटन घटचा है। कठानो है चौटन कठ और गुड्डा मलानी में आलम जी का मंदिर भी है। कहां बुड्ढा मलानी क्या मंदिर है आलमजी गुप्त बेलून महोत्सव बेलून समझोगे गुब्बारा कठ मनाई जाए बस तो याद रखना बाड़मेर में बैलून महोत्सव कहां बाड़मेर में लगभग अप्रैल में गुब्बारा उड़ा देगा बैलून महोत्सव अब मनने एक प्रश्न और बताओ राजस्थान का खजुराहो बहुत फेमस है भाई साहब यह जगह याद रखना
12:23 किराडू किराडू के मंदिर बहुत फेमस है यहां अलाउद्दीन खिलजी ने आक्रमण भी किया था राजस्थान का खजुराहो भूल ना जाइयो राजस्थान का खजुराहो किराडू के मंदिर राजस्थान के खजुराहो कहलाते हैं। किराडू के मंदिर राजस्थान में आपने टावरों के होयो के मोदी जी आया जैसलमेर साइड ठीक है कौन आया मोदी जी और एक घटना घटी गंभीर के घटना घटी देखो जब भी कोई नेताजी आते हैं जैसे यहां आएंगे तो नेताजी का भाषण पहले
13:09 से यहां के जो बुलाता है यहां का मेन एमएलए एमपी जो भी है वो भाषण लिख के देता है उस भाषण में एक फिक्स होता पता है कि इस एरिया में कौन से लोक देवता है? तो जैसे यहां आएंगे हमारे तारानगर में आए तो पता है किस-किस की जय बोली गोगाजी महाराज की जय। क्योंकि हमारे नजदीक गोगा जी को मंदिर तेजाजी महाराज की जय। तेजाजी नजदीक है। ठीक है। श्याम खाटू श्याम बाबा की जय। जहां भी जाएंगे महाराष्ट्र में जाएंगे तो वहां के आसपास जो फेमस है। अब मोदी जी आए जैसलमेर। भाषण में लिखा हुआ था। क्या लिखा हुआ था कि रामदेव जी का जन्म उडू कश्मीर में हुआ। उडू और कश्मीर हो सकता है ऐसे लिखा होगा। लिखने वाले ने क्या गजब का लिखा होगा। उडू अलग लिख दिया होगा। कश्मीर अलग लिख दिया
13:56 होगा और कश्मीर नाम दिख ही मोदी जी जोश में आ गए और बोले कौन कहता है राजस्थान का संबंध कश्मीर से नहीं है। कश्मीर में जन्मे बाबा रामदेव राजस्थान के घर-घर में पूजे जाते हैं। अब वो उडू पढ़ना भूल गए थे। उन्हें देखा कि वह कश्मीर है। तो भाइयों और बहनों थे गलती ना कर दियो। बाबा जी का जन्म जो रामदेव जी महाराज का जो जन्म हुआ था वो कहां हुआ था? वो बाड़मेर की शिव तहसील का एक जगह है उडू काश्मीर। यानी बाबा जन्म कहां हुआ? उडू काश्मीर। यह कहां पड़ता है बच्चों? यह बाड़मेर के शिव तहसील में पड़ता है। तो थे या गलती ना कर दियो। हैं 1400 लगभग 56 ईस्वी में जन्म और माता को नाम हो मीणा दे
14:44 या लोक देवता में आप पूर्व पुर पंगा पिता खम्मा खम्मा मारे अजमाल जीरा कवेरा पिता कौन है अजमाल जी रू चारा धनी बोले घुड़ो मंगा दे मंगा दे मंगा दे घुड़ो मंगा दे कि घुड़ो बचपन में घुड़ले खाति जिद कर भी घोड़े पर बैठ बैठ के काठ के घोड़े पर और भैरव राक्षस ने सलटा दियो। भैरव राक्षस कहां था? सातलमेर नामक स्थान सातलमेर जो जिसने वहां भैरव राक्षस था और आो ससुराल गठ जठे पाबूजी को ससुराल है। कठे अमरकोट में अमरकोट सा रिलेशन है सडा राणा अमरकोट वर्तमान में पाकिस्तान में चले गए पत्नी लिखो के अलग हूं दो बात लिख लियो मेन के लागे यार थ
15:30 लिख लियो पत्नी नेतल दे कहां? अमरकोट। अमरकोट वर्तमान में कहां चला गया बच्चों? वर्तमान में यह पाकिस्तान में जा चुका है अमरकोट। ठीक है? भैरव राक्षस को इन्होंने मारा था। डाली बाई इनकी क्या थी? धर्म की बहन थी। और इनके जो भक्त होते हैं मेघवाल उन्हें कहा जाता है रिखिया। क्या कहते हैं? रिखिया। रामदेव जी को केव जुम्मो। पांच रंग की ध्वजा है बन बोले नेजा नेजा बोलते हैं किसको ध्वजा पंचरंगी रामदेव जी की पंचरंगी ध्वजा को क्या बोलते हैं नेजा मंदिर ने के बोले देवरा राम देवरा
16:15 और रात ने जको जाग बोले जम्मा थाने तो स आवे थे होशियार जातरू जका जा है बान बोले जातू और नृत्य बौस ते से आवे थाने लेकिन मैं तो यही बता द थ काम आगे रिवीजन हो और इन्होंने एक पंथ चलाया था वो याद रखना कामड़िया पंथ हैं भेदभाव मिटाने के लिए एक पंथ चलाया इन्होंने कामड़िया पंथ बहुत काम की चीज है रामदेव जी ने कौन सा पंथ चलाया कामड़िया और रामदेव जी एकमात्र लोक देवता है जिन्होंने शुद्धि आंदोलन चलाया था जो मुसलमान बन गए थे उनको वापस पंच पीरों में है यह रामदेव जी पुलिस डिप्लोमा कर लूं क्या कर ले भाई पूछ-पूछ के थोड़ी करेगा और कृष्ण जी के अवतार है रामदेव जी ठीक है?
17:01 एकमात्र लोक देवता जो कवि भी थे। कवि भी थे और कौन सी रचना लिखी? 24 बाणियां। इन्होंने क्या लिखी? 24 बाणियां। बाकी कोई भी कवि नहीं था। लोक देवता सिर्फ अपने रामदेव जी महाराजा और रामदेव जी को मंदिर गठ जैसलमेर में। जन्म मांगो गठ हो बाड़मेर में। और छोटा रामदेवरा कहां है? गुजरात। ये भी एग्जाम में पूछ लिया छोटा रामदेवरा ये गुजरात में ठीक है रामदेव जी के चमत्कार आज भी है एलर्जी हो जाए मस्सा हो जाए बहुत बड़े रामदेव जी के पास ही इलाज है हां भगवान कृष्ण के अवतार माने जाते तो रामदेव जी ने भूल ना ज हां ठीक है
17:51 राजस्थान को छोट रामदेव रो घट बताओ हैं इंडियन ज्योग्राफी करवाऊंगा मैं ही करवाऊंगा जल्दी राजस्थान का छोटा रामदेवरा कहां है? प्लीज टेल मी। खूडियास डीडवाना के अंदर है। छोटा रामदेवरा और रामदेव जी की फड़ झुकी है। बाची से रावण हत्याबा से बाची जाती है। ठीक। आगला एक लोक देवता और है टाो और बा लोक देवता को नाम है मल्लनाथ। अच्छा इनका जन्म कहां हुआ? महवा बाड़मेर जन्म महवा बाड़मेर महवा मल्लनाथ जी का जन्म महवा बाड़मेर में हुआ
18:37 राज सलखा के यहां महवा बाड़मेर महवा महवा कभी राठौड़ों की राजधानी भी रही है पत्नी का नाम रूपादे था मल्लनाथ जी के तिलवाड़ा बाड़मेर में इनका प्रसिद्ध मंदिर है कहां मंदिर तिलवाड़ा में और यहां पशु मेला भरता है चेत कृष्ण एकादशी को जो राजस्थान का सबसे प्राचीन पशु मेला है। यानी राजस्थान का प्राचीन पशु मेला। पशु मेला कहां? तिलवाड़ा या मल्लनाथ जी पशु मेला। आ चीज ध्यान रखियो आ चीज याद रखनी है। चूड़ा को मंडोर जीतने में मल्लनाथ जी ने सहयोग किया था। आप भी याद रखनी है। और इन्होंने एक पंथ चलाया था। मल्लनाथ जी ने कुंडा
19:24 कुंडा पंथ चलाया। अच्छा लोक देवता ज्ञानी इ बात बाड़मेर से प्रणाम तारानगर से प्रणाम अब बोलो टाबरो जय हो संत श्री इलोजी महाराज की जय हो ओ हो महाराज आगे आ गए थे बाड़मेर रा खतरनाक खतरनाक चीज है छेड़छाड़ के देवता हैं छेड़छाड़ के देवता अच्छा कहते हैं कि यह जो है हिरण्यक कश्यप जो है ना बिजी की बहन बिंग सा ब्याह हुआ बे और खुद तो ब्याह कौन कराया यानी खुद तो कुंवारा ही रहा
20:14 लेकिन होली पर पूजावे लेकिन टाबर दे होली के अवसर पर इलो जी की बारात निकले टाबर टीकर करने ज बताओ पूजा पाठ हो और बाकी फोटो थे Google पर देख लियो ठीक है मैं दिखा को थे खुद ही धीरे सीसी देख ठीक है आ जाओ छेड़छाड़ का लोक देवता इलोजी महाराज आ जाओ कोटड़ा दुर्ग कोटड़ा दुर्ग बस ऐसे नाम याद रखना है कहां बाड़मेर में बस परमार शासकों ने बनवाया था और इसका का कोई डिटेल नहीं आता है। एक गरीबनाथ जी का भी मंदिर है। अरे गुरु जी गरीबनाथ जी मंदिर
21:08 कौन सा नाथ जी? गरीबनाथ जी। कहां? शिव। शिव कहां पड़ता है? बाड़। शिव बाड़मेर की क्या है? डाबरो एक तहसील है। दादू दयाल जी जो है ना उनके पुत्र है गरीदास। ठीक है? अब आ जाओ एक और मंदिर जिसका नाम है आलम जी का मंदिर आलम जी का दौरा है नहीं यही है आलम जी मंदिर लिखता जाइए टाबरों इंडियन ज्योग्राफी जितना अच्छा बाड़मेर से राधे-राधे राधे-राधे राधे-राधे आलम जी का जेतम जी राठौड़ कह सकते आलम जी का धोरा कहां है धोरी बना बाड़मेर यहां इनका मेला
21:53 लगता और इसी आलमजी के दौरा जो है इस स्थान को घोड़ों का तीर्थ स्थल कहते हैं। का तीर्थ स्थल क्या याद रखना है आलम जी का दौरा कहां है? बस बा और ज्यादा कुछ याद नहीं रखना है। थाने एक बात को बेरो है एक मां मानो को जद उमादे नाराज होके मालदेव से किस बात पे नाराज हुई इसकी चर्चा हम यहां नहीं करेंगे थोड़ा लंबा खींच जाता है वो उमादेव नाराज हो के तारागढ़ दुर्ग आ गई अजमेर और उधर से शेरशाह सूरी मालदेव पे आक्रमण करने के लिए चला तो भाई हुआ क्या जब आक्रमण करते हो तो वह तारागढ़ पहुंचा इधर मालदेव को लगा कि यार उमादेह है तारागढ़ दुर्ग में वो
22:38 तारागढ़ दुर्ग पे अटैक करेगा। तो उसने क्या किया? एक व्यक्ति को भेजा ईश्वरदास बार को के यार जिया तियां कर गए बुढ़ा चपड़ा के रूठी रानी उमा देन ले गया तो ईश्वरदास जी घटेगा फादरेश बाड़मेर का है ए गया जा के जया कर गए मनाई के कोई बात नहीं गलती हो जाए करे आदमी शरीर है गलती हो जा सो बात है थे माफ़ करो और आज बाद में बात पर गिरो रेत चालो थे उमादेव हो गई तैयार तेजी तैयार कर ली चल भाई पीछे से रानियों को सूचना मिली के बा आ रही है जो इनकी और रानियां थी उन्होंने एक व्यक्ति को भेजा आशा बार को
23:24 बोलो बारट जी रानी नहीं आनी चाहिए बोलो टेंशन लेने की जरूरत को नहीं ए घटेगा ए भी भादरेश बाड़मेर का ही है बोलो चिंता करने की जरूरत को नहीं रस्ते में ईरदास जी मिले को ईर्रदास जी का भतीजा ही आशा बा और रास्त काका ने कर गए नमस्ते रानी सागे ही रानी ने सुना गए और एक शायरी बोली एक डायलॉग बोल के मान रखे तो पीव तज पीव रखे तो तज मान दोनों गए न उभरे एकको खंबे ठान रानी बोली गौ जान मालदेव की जब मृत्यु हुई तब सती होने के लिए आई बात है सर इसका अर्थ क्या मान रखे तो पीब तज पीब रखे तो तज मान कह अरे रानी के कर लाग रही मान सम्मान स्वाभिमान अगर रखेगी तो पति को
24:10 छोड़ना पड़ेगा। अगर पति को रख रही है तो तेरे स्वाभिमान की कोई इज्जत नहीं है। बट जाए बाद में और की रानियां नहीं मालदेव ताई गई यहां आ गई नहीं तो रानी बोली के स्वाभिमानी रखेंगे नहीं जाएंगे नहीं जाएंगे रानी गई नहीं तो आशा बार ने ये लाइन बोली थी मान रखे पी लेकिन ईर्रदास जी बारठ ने क्या लिखा था हाला झालारी कुंडलियां यह फेमस है एग्जाम में पूछी जा चुकी है हाला झालारी कुंडलियां किसने लिखी थी ईश्वरदास बाट गुण भागवत हरिण हरिण पुराण हरिण पुराण भी लिखा था गुण भागवती लेकिन आई चीज तो थे आपो याद करी ले ईरदास जी बार और आशा बार काको भतीजा दो ठीक है ये
24:58 मालदेव का दरबारी कविया ये तो याद रहो गडरा रोड में शहीद समारिए जो 1965 71 में जो शहीद हुए थे उनको खड़ताल के जादूगर कौन है पता है सदी खान बाड़मेर से है सती खान हां कौन है खड़ताल के जाती कहां है से है बाड़मेर से याद क बाड़मेर की शिव तहसील में क्यों को याद रहो अरे दादा के कह तू के कमेंट कर रहे है सर आप अच्छे पढ़ाते हो चलो इस बात का तो पता चला कि हम अच्छा पढ़ा रहे हैं वरना हमें तो पता ही नहीं था कि हम अच्छा पढ़ा रहे हैं आज पता चला है किराडू तो थ बता दियो राजस्थान का खजुराह
25:46 कहा जाता है। किराडू फेमस है और बाड़मेर लगभग 33 किलोमीटर पड़े। अब है वीरात्रा माता का मंदिर। वीरात्रा माता मंदिर भाई ये क्या है? विरात्रा माता कठ है चौहटन बाड़मेर में। चौहटन बाड़मेर। वीरात्रा माता मंदिर चौहटन बाड़मेर। ठीक है। भाटी राजपूत पूजा करते हैं वीरात्रा माता की। इसे वांकल माता भी कहा जाता है। वीरात्रा या माकल और भोपा जाति की कुलदेवीरात्रा माता भोपा जाति की कुलदेवी और इस मंदिर का निर्माण विक्रमादित्य ने कराया था ठाकुरों
26:31 मेरा नाम ले लियो तेरो नाम लेगा नौकरी लागे बाद में चौटन किस लिए फेमस है? दोबारा लिखूंगी लियो तो ए ओ लो चौहट किसके लिए गोंद के लिए आप चलांगा सारा ही गोंद लेके आऊंगा बू ठीक है सुइयों का मेला यहीं भरता है कहां भरता है चौहटन सुइयों का मेला कहां भरता है चौहटन सुइयों का मेला कहां भरता है चौहटन और एक कुको राजस्थान पुलिस में पूछ्यो के बाटाडू का कुआं बाटाडू का कुआं बोलो एग्जाम में पूछ लियो बाटाडू का कुआं ओ घट है गुरुजी ओ संगमरमर बनेो बहुत सुनो कु है मेरे तो को देखो
27:17 देखो कोई गुलाबसी गुलाबसी नाम को कोई बन कु इसे राजस्थान का जल महल कहते हैं कहां जल महल बस इतो ही ध्यान राियो बाटाडू का कुआं कहां है बाड़मेर राजस्थान पुलिस में पूछा जा चुका है संगमर सुनो कुसो बाटाडू कब हुआ की आ रहे है रे आज तो बहुत कॉल आ रहे है हां भाटाडू कब हुआ बताओ याद रहे जैसी डोला मारू प्रिंट बालोतरा धोरी मन्ना धोरी मन्ना से अब बालोतरा अच्छा धोरी मना बालोतरा आगे मैं इन्हने बता दियो अच्छा अच्छा सॉरी सॉरी सॉरी सॉरी सॉरी इसके लिए माफी चाहेंगे तो गुरुजी यहां माफी हूं काम कौन चाले थे बाड़मेर कराई दियो यस एक मिनट और राखियो ओ ले 5 मिनट में रिपीट मारता हूं
28:12 कोर्स का ही सर कोर्स को भी ऐड करना पड़े करना पड़े खर्चों पानी कान भी हां एक मेरा 40 सा नाम से अलग किया है वो सिर्फ मेरा मेरा ही है जिसे मैं राजस्थान जीके 40% दिलवाने के लिए किया है और हिंदी के लिए अलग से हिंदी की क्लास आती है और जीके की आती है ये तो पूरा ही बैच है जिसको लेना चाहे चलो शुरू करते हैं बाड़मेर को बाड़मेर बाढ़ रावे इसका शुभंकर क्या है? शुभंकर है मरू लोमड़ी, जिप्सम, कोयला, तेल, घणोई निकले। बाजरा अनुसंधान बाड़मेर में है। और फिर बाड़मेर में सबसे फेमस है मरू राष्ट्रीय उद्यान। इसका नाम राष्ट्रीय नाम है। राष्ट्रीय यह नहीं है मरू राष्ट्रीय उद्यान। जैसलमेर और बाड़मेर दो जिलों में यहां 1900 है। लगभग 1262 है। और यहां अकलगुड़ फॉसिल्स पार्क है और गोडाउन पाए जाते हैं। और सांपला सूपला व भाईजई है। ठीक है? इंदिरा गांधी नहर जीरो
28:58 पॉइंट कहां है? गडरा रोड बाड़मेर में। इसके बाद में तेल का कुआं है बाड़मेर में वंदना है वंदना है विजय है राजेश्वरी है कामेश्वरी भागेश्वरी है सरस्वती है ऐश्वर्या है और भी घना ईश्वर के नाम पर सारा कुआं बना दिया सरस्वती गुड्डा मलानी गुड्डा मलानी में की है सर्वप्रथम तेल की खोज गुड्ड मणाली में हुई तेल निकल सर्वप्रथम मंगला में और एक मर्दा के नाम पर है तुकाराम थार महोत्सव बाड़मेर में होता है बेलून महोत्सव बाड़मेर में होता है कपालेश्वर महादेव मंदिर चौटन में चौटन गोंद के लिए फेमस है आलम जी का मंदिर गुड्डा मलानी के अंदर है किराणू बहुत फेमस जगह इसे राजस्थान का खजुराहो कहा जाता है और बेलून महोत्सव कहां होता है? बाड़मेर के अंदर। इसके बाद में रामदेव जी महाराज का जन्म उडुकेश्वर बाड़मेर में हुआ था। इनकी माता का नाम मेणा दे था। पिता अजमल जी है। तमरम से थे। ये उडू काश्मीर बाड़मेर का कामड़िया पंच चलाया। शुद्धि आंदोलन चलाया। छोटा रामदेवरा गुजरात के
29:44 अंदर है। और इनका ससुराल अमरकोट में था और मृखिया मेघवाल भक्तों को नेजा पंचरंगी ध्वजावती है। और रामदेव जी एक कवि भी थे जिन्होंने 24 माणियां लिखा था। मल्लनाथ जी ने कुंडा पंत कुंडा मलिनाथ जी कुंडा मल्लनाथ जी जन्म महवा बाड़मेर मंदिर तिलवाड़ाना में राजस्थान का सबसे प्राचीन मेला है मल्लनाथ जी पशु मेला इलो जी महाराज की जय छेड़छाड़ का देवता कोटड़ा दुर्ग बाड़मेर गरीबनाथ जी का शिव बाड़मेर फिर आलमजी मंदिर बाड़मेर इसे घोड़ों का तीर्थ स्थल कहा जाता है और ईश्वरदास बाट और आशा बाट ईरदास जी बाट ने हाथ झालारी कुंडले आशा बाट ने रखा था मान रख तो पीव तज पीव रख तो तज मान सदी खान जिसे खनाल के जागरे बाड़मेर विरातरा माता चौटन बाड़मेर भोपा की कुलदेवी विरातरा गोंद के लिए सुइयों का मेला कहां है? चोटन और बाटाडू का कुआं बाड़मेर रेगिस्तान का जलम