0:00 हाय गाइज़, मैं स्वीटी। तो आज मैं आपके साथ शेयर करने वाली हूं अपना हाइट बढ़ाने का एक्सपीरियंस कि मैंने अपनी हाइट कैसे बढ़ाई? तो मैं बता दूं कि जब मैं 13 14 साल की थी और मैं मैं पीरियड्स आए थे मेरे तो मैं अपनी मम्मी के इतने आती थी और उनकी हाइट 5 दो है। 5 2 5 3 है तो सब मुझे ये बोला करते थे कि अब तेरी हाइट नहीं बढ़ने वाली है। और मुझे ये चीज है ना थोड़ी ऐसे करती थी कि अरे यार मतलब मम्मी जितना तो होना चाहिए था। ऐसे लगता था। मतलब थोड़ी हाइट हाइट का रहता है। जैसे आपने यह वीडियो ऑन करी होगी। वही वजह मेरे मेरे भी दिमाग में थी। तो मैंने कुछ चीजें करी थी अपनी हाइट बढ़ाने के लिए। मैं वो अपना आपके साथ एक्सपीरियंस शेयर करने वाली हूं और मैं बता दूं इन चीजों से मेरी बहन की हाइट बढ़ी है। मेरी कजन की हाइट बढ़ी है। उन्होंने भी ये सेम चीजें करी है और उनकी भी हाइट बढ़ी है। ये जस्ट मेरा एक्सपीरियंस है और आप अपनी लाइफ में फॉलो कर सकते हैं। मैंने ये टारगेट नहीं रखा था कि मुझे इतनी इंच हाइट बढ़ानी है या फिर क्या करना है। कोई गोल नहीं था। कोई गोल सेट नहीं था। मुझे ये था कि 1 इंच भी बढ़ जाए ना वो भी बहुत है। जितनी हूं उससे तो
0:47 बढ़ जाए। क्योंकि हाइट बढ़ानी ऑब्वियस एक बड़ी चीज होती है। तो एक मेरी कजन थी। उसने मुझे बोला कि भी कजिन ने किसी ने दूध पी के हाइट बढ़ाई है। तो मुझे ऐसा होगा कि अरे मैं भी दूध पीना स्टार्ट करती हूं। तो मैं दो-तीन टाइम दूध पीने लग गई थी। तो मैं प्लेन दूध नहीं पिया करती थी। मैंने रिसर्च करा थोड़ा इंटरनेट वगैरह से चीजें निकाली और उसमें आया कि अश्वगंधा से हाइट बढ़ती है। तो मैंने हमारी एक फैमिली डॉक्टर है। मैंने उससे एडवाइस लिया और उन्होंने बताया कि हां अश्वगंधा ले सकते हैं। तो मैंने अश्वगंधा लेना स्टार्ट कर दिया। अश्वगंधा का पाउडर आता था। एक टाइम दूध में डाल के पिया करती थी। दूसरे टाइम कॉम्प्लन का हेड देख के तो मैंने कॉम्प्लन भी मंगा रखा था। जो भी देख के मतलब मुझे ऐसा होता था कि कुछ भी मिल जाए बस हाइट बढ़ जाए। तो मैंने अपना कॉम्प्लेंट भी मंगा रखा था। सेकंड चीज मैं बता दूं आपको स्ट्रेचिंग मैंने भर-भर के स्ट्रेचिंग करी है और मैंने एक रूटीन बना रखा था। अगर आपको हाइट बढ़ानी है तो आप यह नहीं कर सकते कि आपने एक दिन कर ये काम दो दिन कराओ और
1:33 उसके बाद छोड़ या नहीं। आपको कंसिस्टेंट होना पड़ेगा और मैं बहुत ज्यादा कंसिस्टेंट थी। आपके लिए गोल कितना इंपॉर्टेंट है इसी चीज पे डिपेंड करता है कि आप कंसिस्टेंट हो या नहीं। अगर आपके लिए चीज़ इम्पोर्टेन्ट है। तो आप ऑटोमेटिकली कंसिस्टेंट हो जाएंगे और मेरे लिए वो इंपॉर्टेंट थी। तो मैं रेगुलर बेसिस पे बिना किसी रिजल्ट बिना किसी गोल के मैं स्ट्रेचिंग कर रही थी और मैं बता दूं मैंने उस टाइम पे इंची टेप लेके हाइट नहीं नापा था। मेरा बस ये था कि जितनी हूं उससे बड़ी हो जाऊं और ये चीजें मुझे अपने रूटीन में शामिल करनी है और मैं रूटीन में शामिल कर चुकी थी तो मैं स्ट्रेचिंग करती थी। मैं बता दूं कि मैं योगा भी करती थी। रस्सी कूदना वगैरह हैंगिंग वगैरह सब करती थी। और अगर मैं बताऊंगी सबसे ज्यादा कुछ रोल प्ले करा है मेरी हाइट बढ़ाने में तो वो करा है योगा ने। करा है योगा में मैंने काफी पोजेस सीख लिए थे। मेरी कजन आया करती थी। तो हमें हमें एक क्रेज चढ़ा था उस टाइम
2:18 पे चक्रासन सीखना है। डी बनने का क्रेज आया हुआ था। वो मुझे डी बनवाती थी यहां से होल्ड करके और मैं ऐसे करके जाती थी। वो एक क्रेज़ था कि हम हमें डी बनना है। चक्रासन फॉलो करना और धीरे-धीरे दो-चार दिन में हम खुद ही सीख गए थे। खुद ही डी बन जाते थे। तो ये मैं करती थी और फन वे में ही चलता रहता था ये। योगा वगैरह फन वे में ही था। और ये डी तो बिल्कुल ही फन वे में था। मतलब हम ये करते थे कि तुझे नहीं आता। मुझे आता है। ये कर कर के हम अपना ये योगा के पोजेस करे ग करते थे। सेकंड पोज़ होता है। बहुत ज्यादा इंपॉर्टेंट हाइट बढ़ाने के भुजंगासन कि बहुत ही ज्यादा बेनिफिशियल है। आप करके देखो। पर हां बस शर्त एक ही है। आपको रेगुलर रहना पड़ेगा, कंसिस्टेंट रहना पड़ेगा। थर्ड चीज थी स्लीप। स्लीप बहुत ज्यादा इंपॉर्टेंट है। मुझे पता है सब स्क्रोलिंग करते हैं। मैं भी करती हूं। पर हां, मैंने स्लीप को प्रायोरिटी दे रखी है अपनी। मैं बिल्कुल स्लीप के साथ कोई कॉम्प्रोमाइज नहीं करती
3:04 हूं। मैं 8:00 से 9 घंटे की नींद लेती ही लेती हूं। मैं 11:00 बजे से 12:00 बजे के बीच में सो जाती हूं और सुबह 7 8:00 बजे उठ जाती हूं। तो ये आपको रखना है। मतलब 8 घंटे की नींद इज अ मस्ट। स्लीप सबसे ज्यादाेंट है। तो हमें अच्छे से सोना है। अच्छे से सोना है। सात से आठ 9 घंटे नींद लेनी ही लेनी है। स्लीप के टाइम पे ही जब हम सोते हैं तो हमारी बॉडी हील करती है। तो आपको भी अपनी बॉडी को हील होने का मौका देना है अच्छे से। ये रूटीन में होना चाहिए। तो होना चाहिए। हम पार्क में जाते थे और ना उस पे मैं बता दूं आड़े टेढ़े एक्सरसाइज करते थे। हम जस्ट ऐसे पकड़ के नहीं लटका करते थे। हम उल्टे लटक जाया करते थे। मतलब काफी चीजें करते। मैं इतनी खेल कूद में थी नहीं पर यह चीज़ ना बस मैं करती थी। पता नहीं क्यों मुझे मन मन करता था कि बस स्ट्रेचिंग हो। इसका रिजल्ट मैं बता दूं कि मैं 11थ क्लास में थी और मेरी
3:50 हाइट नापी गई थी स्कूल में जो होता है वहां पे हाइट नापी थी मेरी तो मैं 153 सेंटीमीटर की थी और जब मैं 12th में मेरी हाइट नापी गई तो मेरा मेरी हाइट 163 सें.मी. या 167 सें.मी. आई थी। उस टाइम पे मेरी फ्रेंड को यकीन भी नहीं हुआ था कि इतनी हाइट कैसे उठ सकती है? और उसने जाके दोबारा टीचर से निपवाई थी मेरी हाइट। अच्छे से याद है। आई स्वेट बहुत अच्छा मोमेंट था। तो उस टाइम मुझे फील हुआ था कि जो जो चीजें मैंने करी है वो उन्होंने काम करा है। और मैं बता दूं मेरी हाइट ज्यादा लंबी नहीं है बट मेरी हाइट अच्छी है। फाइव फाइव हाइट है। मैं बहुत खुश हूं अपनी हाइट के साथ और मैं सेटिस्फाइड हूं अपनी हाइट के साथ। मतलब मैं बहुत ज्यादा सेटिस्फाइड हूं। और बल्कि मैं फाइव फाइव से ज्यादा कभी होना भी नहीं चाहूंगी और ना मैंने चाहा होना। तो अगर मैं कर सकती हूं तो आप भी कर सकते हो। बस शर्त एक ही है कि आपको
4:36 कंसिस्टेंट होना पड़ेगा, रेगुलर होना पड़ेगा। सो दैट वास इट। दैट वास माय एक्सपीरियंस और अगर आपको कोई डाउट वगैरह हो तो आप कमेंट सेक्शन में पूछ सकते हैं। कोई अपने आप में परफेक्ट है। हर कोई अपने आप में ब्यूटीफुल है। एक्सपीरियंस था। अगर आप कुछ चीजों के लिए देख रहे हो कि कुछ मिल जाए कि ऐसा हो जाए या वैसा हो जाए। हर चीज का सॉल्यूशन है। और यह मेरा एक्सपीरियंस था। मैंने आपके साथ शेयर कर दिया। आपको फॉलो करना है। आप करो बस कंसिस्टेंट रहना। बिलीव होना चाहिए। मतलब बिलीव रहना ही चाहिए कि बिलीव है हमें। ज्यादा इंपॉर्टेंट है। अगर आपको यकीन नहीं है कि मैं नहीं कर पाऊंगी या हाइट नहीं बढ़ेगी। अब तो सब बोल रहे हैं कि हाइट नहीं बढ़ने वाली और हाइट नहीं बढ़ेगी तो नहीं बढ़ेगी। चाहे कुछ भी कर लो वो नहीं बढ़ेगी। सबसे पहले आपको ही यकीन करना पड़ेगा। और उसके अलावा पोस्टर कलेक्शन बहुत ज्यादा इंपॉर्टेंट है। तो मैं हमेशा
5:23 मेरा पोस्टर हमेशा एक भगवान की ब्लेसिंग थी कि मेरा पोस्टर हमेशा सही रहता था। मैं ऐसे ही रहती थी हमेशा। कभी यह यह नहीं रहता था या ऐसे ऐसे नहीं। मेरा हमेशा स्ट्रिक्ट रहता था। से इतना सही रहता था कि मैंने लोगों से कई बार मैं मुझे ठोका गया है कि तू ऐसे क्यों चलती है? मतलब और पोश्चर यही सही होता है हमारा। ऐसे ही चलना पड़ता है। हमें कंधे पीछे करके ही चलना। उसके अलावा कुछ मिथ्स होते हैं कि हम हम सप्लीमेंट्स वगैरह ले सकते हैं। सप्लीमेंट वगैरह खाएंगे तो हाइट बढ़ जाएगी। नहीं सप्लीमेंट कोई भी नहीं लेना है। कोई भी हम इंटरनेट से पढ़ के चीजें नहीं करने वाले। हमें बस बॉडी को वो न्यूट्रिएंट्स देने हैं जिनकी उन्हें नीड है और उसके साथ हमें उसके ऊपर काम करना है। हमें योगा वगैरह करना है। उसके अलावा कुछ नहीं करना है। फेक इट टिल यू मेक इट वाला कांसेप्ट मैं हर टाइम फॉलो करती हूं।
6:08 मतलब अगर मैं मुझे कोई चीज चाहिए होती है तो मैं ऐसे प्रिटेंड करती हूं कि मेरे पास ऑलरेडी वो चीज है। तो मैं अपनी फुटवेयर वगैरह वैसे ही लिया करती थी। अगर मुझे इतनी वाली चप्पल नहीं लेती थी। मैं इतनी वाली चप्पल लिया करती थी। मतलब ऐसे चला करता था कि मैं एक इल्यूजन तो जरूर क्रिएट कर दूं कि मैं लंबी हूं। ऐसे करके रहती थी मैं हर टाइम। तो वो चीजें मैं जरूर आप इंटरनेट पे सर्च कर सकते हैं। Pintest पे सर्च कर सकते हैं कि कैसे स्टाइल करना है कि हमारी हाइट लंबी लगे। तो ये चीजें जरूर देखनी है हमें। अगर आज के टाइम में मुझे एक काम करना होता तो मैं वॉलपेपर लगाती अपने फोन पे कि जिस पे मेरी हाइट का गोल लिखा हुआ है और वो हमें देखना नहीं है। कुछ सोचना नहीं है। बस हमें वॉलपेपर पे रखना है और ये चीजें आपको हेल्प करेगी। रेगुलर रहने में, कंसिस्टेंट रहने में बहुत ज्यादा हेल्प करेगी। सो दैट वाज़ इट। थैंक यू फॉर वाचिंग माय वीडियो। डू लाइक, शेयर, कमेंट, सब्सक्राइब। तो मैं आगे भी
6:55 ऐसी वीडियोस बनाऊंगी। बने रहना मेरे चैनल में।